अपने बुरे कर्मों को निरस्त करके मन, शरीर व आत्मा का जीर्णोद्धार करने का वैदिक कार्यपद्धति
भगवान शिव की ऊर्जा द्वारा पापों से मुक्ति पाकर सर्वश्रेष्ठ परमानन्द प्राप्त करें
दिसम्बर 10, 2018(भारतीय मानक समयानुसार)
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भगवान शिव की ऊर्जा कर्थिगाई तमिल माह (नवंबर माह के मध्य से दिसंबर माह के मध्य तक) के दौरान बहुतायत से उपलब्ध होती है। शास्त्रों के अनुसार प्राचीन काल में भगवान शिव स्वयं इस पवित्र माह के दौरान असीम अग्नि के रूप में प्रकट हुए थे। सोमवार के अधिपति चंद्र ग्रह (जिसे संस्कृत में सोम कहा जाता है) का भगवान शिव के साथ एक विशेष संबंध है| भगवान शिव को सोमेश्वर (क्योंकि उन्होंने अर्धचंद्रमा को अपनी जटाओं में धारण किया हुआ है) भी कहा जाता है| भगवान शिव की कृपा प्राप्त करने हेतु सोमवार को हमेशा बहुत शुभ माना जाता है तथा कर्थिगाई सोमवार वर्ष के चार सबसे विशेष सोमवार होते हैं जो कर्थिगाई मास में आते हैं|
पवित्र पुराणों के अनुसार चंद्रमा को राजा दक्ष ने क्षय होने का श्राप दिया था क्योंकि उसने अपनी 27 पत्नियों (दक्ष की पुत्रियों) को समान महत्व नहीं दिया था| चूंकि श्राप के कारण उसका रूप व प्रकाश क्षय होने लगा इसलिए चंद्रमा भगवान शिव की कृपा पाने हेतु उनका ध्यान करने लगा|
जब चंद्रमा लगभग क्षय होने की कगार पर था तभी भगवान शिव उसके ध्यान से प्रसन्न हो गए तथा चंद्रमा को अर्द्धचंद्राकार रूप में अपने मस्तक पर धारण कर लिया| शास्त्रों के अनुसार यह कार्तिगाई सोमवार का दिन था जब भगवान शिव ने चंद्रमा को आशीर्वाद देकर उसके श्राप को कम किया| इसी प्रकार कार्तिगाई सोमवार के दिन भगवान शिव के निमित किया जानेवाले पूजन आपको पापमुक्त करके उत्तम स्वास्थ्य व समृद्धि प्रदान कर सकता है|
कार्तिगाई सोमवारम (सोमवार) को भगवान शिव को बढ़ावा देने के लिए बहुत शुभ माना जाता है। पवित्र ग्रंथों के मुताबिक, कार्तिगाई सोमावरम के दौरान शिव होमा का प्रदर्शन ऋण, पिछले पापों को हल कर सकता है, एक अच्छा जीवनसाथी पाने में मदद करता है, और आपको शांतिपूर्ण और आनंदमय जीवन का आशीर्वाद देता है
शंख द्वारा जलाभिषेक अनुष्ठान भगवान शिव को अत्यंत प्रिय है| भगवान शिव को समर्पित इस शीतल जलाभिषेक स्नान द्वारा आपको उनकी महान कृपा प्राप्त होती है
पौराणिक कथाओं के अनुसार, भगवान शिव और देवी पार्वती ने तमिल महीने कार्तिगई के दौरान अर्धनारीश्वरके रूप में एकीकृत रूप लेते हैं । अर्धनारीश्वरको आग प्रार्थना करने से , इच्छाओं की पूर्ती, पापों को भंग, और दम्पतियों के बीच सद्भावना ला सकता है
कार्तिगाई के तमिल महीने के दौरान, सूर्य असुविधाजनक भाव वृश्चिक में होगा जो कि चंद्रमा के नीचभाव भी है। इसलिए, इस महीने के दौरान सूर्य और चंद्रमा यज्ञ(अग्नि प्रार्थना) करना उनके प्रतिकूल प्रभाव को कम करने और उनके आशीर्वाद प्राप्त करने में मदद करता है
ऐसा माना जाता है कि बिल्व पत्तियों से भगवान शिव, विष्णु और देवी लक्ष्मी के पूजा करने से उनके आशीर्वाद मिलता है और मोक्ष प्राप्त करने में मदद कर सकते हैं
भगवान विष्णु और देवी लक्ष्मी के लिए तिरुमंजनम करने से पापों को नष्ट किया जा सकता है, गरीबी को दूर किया जा सकता है और समृद्ध जीवन प्रदान किया जा सकता है
8 विशेष मंदिरों पर भगवान शिव को अर्चना (पूजा) करने से आपको निम्नलिखित आशीर्वाद मिल सकते हैं:
कार्तिगाई सोमवार के शुभ दौरान सूर्य भगवान की कृपा पाकर आनंदमय जीवन बिताने के लिए कर्म निरस्त सोमवार सूर्य यज्ञ (होमा) में व्यक्तिगत रूप में भाग लेने के लिए बुक कीजिये|
आप क्या प्राप्त करेंगे?
आपको पवित्र विभूति व लाल सिंदूर प्रदान किए जाएंगे। जो कि इस पवित्र अनुष्ठान द्वारा सिद्ध होंगे। इस पवित्र विभूति व सिंदूर को अपने मंदिर अथवा ध्यान कक्ष में रखें तथा अपनी दैनिक पूजा व ध्यान करने के समय इन्हें अपने मस्तक पर धारण करके दैवीय कृपा प्राप्त करें।
डॉ. पिल्लै केअनुसार-
“ यह अनुष्ठान हमारे विचारों का कार्बनीकरण कर देता है। कार्बन हमारी सूचनाओं से सम्बंधित सूक्ष्म अनु कण होते हैं। इस कार्बनीकरण प्रक्रिया से प्राप्त पवित्र राख को प्रसाद स्वरुप दिया जाता है। इस प्रसाद स्वरूप पवित्र राख को मस्तक पर धारण करने से आपको दैवीय कृपा प्राप्त होतीहै।”
कृपया ध्यान दें इस पूरी अनुष्ठान प्रक्रिया के उपरांत आपको दिया जाने वाला प्रसाद एक सप्ताह के बाद चेन्नई (तमिलनाडु) से भेज दिया जाएगा। विदेशों में पहुँचाने हेतु कृपया हमें दो से चार हफ़्तों का समय दें।
कार्तिगाई सोमवार के शुभ दौरान चन्द्र भगवान की कृपा पाकर आनंदमय जीवन बिताने के लिए कर्म निरस्त सोमवार चन्द्र यज्ञ (होमा) में व्यक्तिगत रूप में भाग लेने के लिए बुक कीजिये|
आप क्या प्राप्त करेंगे?
आपको पवित्र विभूति व लाल सिंदूर प्रदान किए जाएंगे। जो कि इस पवित्र अनुष्ठान द्वारा सिद्ध होंगे। इस पवित्र विभूति व सिंदूर को अपने मंदिर अथवा ध्यान कक्ष में रखें तथा अपनी दैनिक पूजा व ध्यान करने के समय इन्हें अपने मस्तक पर धारण करके दैवीय कृपा प्राप्त करें।
डॉ. पिल्लै केअनुसार
“ यह अनुष्ठान हमारे विचारों का कार्बनीकरण कर देता है। कार्बन हमारी सूचनाओं से सम्बंधित सूक्ष्म अनु कण होते हैं। इस कार्बनीकरण प्रक्रिया से प्राप्त पवित्र राख को प्रसाद स्वरुप दिया जाता है। इस प्रसाद स्वरूप पवित्र राख को मस्तक पर धारण करने से आपको दैवीय कृपा प्राप्त होतीहै।”
कृपया ध्यान दें इस पूरी अनुष्ठान प्रक्रिया के उपरांत आपको दिया जाने वाला प्रसाद एक सप्ताह के बाद चेन्नई (तमिलनाडु) से भेज दिया जाएगा। विदेशों में पहुँचाने हेतु कृपया हमें दो से चार हफ़्तों का समय दें।
कार्तिगाई सोमवारमम कर्म-निरस्त सोमवार के शुभ अवसर पर ,भगवान शिव स्वरूप रुद्र के आशीर्वाद प्राप्त करके अड़चन मुक्त जीवन जीने के लिए, अवांछित समस्याओं का समाधान करने और विचारों की स्पष्टता प्राप्त करने के लिए व्यक्तिगत रूद्र यज्ञ (होमा) के लिए बुक करें।
आप क्या प्राप्त करेंगे?
आपको पवित्र विभूति व लाल सिंदूर प्रदान किए जाएंगे। जो कि इस पवित्र अनुष्ठान द्वारा सिद्ध होंगे। इस पवित्र विभूति व सिंदूर को अपने मंदिर अथवा ध्यान कक्ष में रखें तथा अपनी दैनिक पूजा व ध्यान करने के समय इन्हें अपने मस्तक पर धारण करके दैवीय कृपा प्राप्त करें।
डॉ. पिल्लै केअनुसार
“ यह अनुष्ठान हमारे विचारों का कार्बनीकरण कर देता है। कार्बन हमारी सूचनाओं से सम्बंधित सूक्ष्म अनु कण होते हैं। इस कार्बनीकरण प्रक्रिया से प्राप्त पवित्र राख को प्रसाद स्वरुप दिया जाता है। इस प्रसाद स्वरूप पवित्र राख को मस्तक पर धारण करने से आपको दैवीय कृपा प्राप्त होतीहै।”
कृपया ध्यान देंइस पूरी अनुष्ठान प्रक्रिया के उपरांत आपको दिया जाने वाला प्रसाद एक सप्ताह के बाद चेन्नई (तमिलनाडु) से भेज दिया जाएगा। विदेशों में पहुँचाने हेतु कृपया हमें दो से चार हफ़्तों का समय दें।
कार्तिगाई सोमवारमम कर्म-निरस्त सोमवार के शुभ अवसर पर ,भगवान शिव स्वरूप रुद्र के आशीर्वाद प्राप्त करके अड़चन मुक्त जीवन जीने के लिए, अवांछित समस्याओं का समाधान करने और विचारों की स्पष्टता प्राप्त करने के लिए व्यक्तिगत रूद्र यज्ञ (होमा) के लिए बुक करें।
आप क्या प्राप्त करेंगे?
आपको पवित्र विभूति व लाल सिंदूर प्रदान किए जाएंगे। जो कि इस पवित्र अनुष्ठान द्वारा सिद्ध होंगे। इस पवित्र विभूति व सिंदूर को अपने मंदिर अथवा ध्यान कक्ष में रखें तथा अपनी दैनिक पूजा व ध्यान करने के समय इन्हें अपने मस्तक पर धारण करके दैवीय कृपा प्राप्त करें।
डॉ. पिल्लै केअनुसार
“ यह अनुष्ठान हमारे विचारों का कार्बनीकरण कर देता है। कार्बन हमारी सूचनाओं से सम्बंधित सूक्ष्म अनु कण होते हैं। इस कार्बनीकरण प्रक्रिया से प्राप्त पवित्र राख को प्रसाद स्वरुप दिया जाता है। इस प्रसाद स्वरूप पवित्र राख को मस्तक पर धारण करने से आपको दैवीय कृपा प्राप्त होतीहै।”
कृपया ध्यान दें इस पूरी अनुष्ठान प्रक्रिया के उपरांत आपको दिया जाने वाला प्रसाद एक सप्ताह के बाद चेन्नई (तमिलनाडु) से भेज दिया जाएगा। विदेशों में पहुँचाने हेतु कृपया हमें दो से चार हफ़्तों का समय दें।
भगवान शिव की ऊर्जा कार्तिगाई तमिल माह (नवंबर माह के मध्य से दिसंबर माह के मध्य तक) के दौरान बहुतायत से उपलब्ध होती है। शास्त्रों के अनुसार प्राचीन काल में भगवान शिव स्वयं इस पवित्र माह के दौरान असीम अग्नि के रूप में प्रकट हुए थे। ऋण और पिछले जनम के पाप से निवारण पाने के लिए, अच्छा जीवनसाथी पाने के लिए, शांतिपूर्ण और आनंदमय जीवन का आशीर्वाद पाने के लिए हमारे कर्म निरस्त शिव सोमवार आवश्यक अनुष्ठान में भाग लें|
आप क्या प्राप्त करेंगे?
आपको पवित्र विभूति व लाल सिंदूर प्रदान किए जाएंगे। जो कि इस पवित्र अनुष्ठान द्वारा सिद्ध होंगे। इस पवित्र विभूति व सिंदूर को अपने मंदिर अथवा ध्यान कक्ष में रखें तथा अपनी दैनिक पूजा व ध्यान करने के समय इन्हें अपने मस्तक पर धारण करके दैवीय कृपा प्राप्त करें।
डॉ. पिल्लै केअनुसार
“ यह अनुष्ठान हमारे विचारों का कार्बनीकरण कर देता है। कार्बन हमारी सूचनाओं से सम्बंधित सूक्ष्म अनु कण होते हैं। इस कार्बनीकरण प्रक्रिया से प्राप्त पवित्र राख को प्रसाद स्वरुप दिया जाता है। इस प्रसाद स्वरूप पवित्र राख को मस्तक पर धारण करने से आपको दैवीय कृपा प्राप्त होतीहै।”
कृपया ध्यान दें इस पूरी अनुष्ठान प्रक्रिया के उपरांत आपको दिया जाने वाला प्रसाद एक सप्ताह के बाद चेन्नई (तमिलनाडु) से भेज दिया जाएगा। विदेशों में पहुँचाने हेतु कृपया हमें दो से चार हफ़्तों का समय दें।
भगवान शिव की ऊर्जा कार्तिगाई तमिल माह (नवंबर माह के मध्य से दिसंबर माह के मध्य तक) के दौरान बहुतायत से उपलब्ध होती है। शास्त्रों के अनुसार प्राचीन काल में भगवान शिव स्वयं इस पवित्र माह के दौरान असीम अग्नि के रूप में प्रकट हुए थे। ऋण और पिछले जनम के पाप से निवारण पाने के लिए, अच्छा जीवनसाथी पाने के लिए, शांतिपूर्ण और आनंदमय जीवन का आशीर्वाद पाने के लिए हमारे कर्म निरस्त शिव सोमवार वर्धित अनुष्ठान में भाग लें|
आप क्या प्राप्त करेंगे?
आपको पवित्र विभूति व लाल सिंदूर प्रदान किए जाएंगे। जो कि इस पवित्र अनुष्ठान द्वारा सिद्ध होंगे। इस पवित्र विभूति व सिंदूर को अपने मंदिर अथवा ध्यान कक्ष में रखें तथा अपनी दैनिक पूजा व ध्यान करने के समय इन्हें अपने मस्तक पर धारण करके दैवीय कृपा प्राप्त करें।
डॉ. पिल्लै केअनुसार
“ यह अनुष्ठान हमारे विचारों का कार्बनीकरण कर देता है। कार्बन हमारी सूचनाओं से सम्बंधित सूक्ष्म अनु कण होते हैं। इस कार्बनीकरण प्रक्रिया से प्राप्त पवित्र राख को प्रसाद स्वरुप दिया जाता है। इस प्रसाद स्वरूप पवित्र राख को मस्तक पर धारण करने से आपको दैवीय कृपा प्राप्त होतीहै।”
कृपया ध्यान देंइस पूरी अनुष्ठान प्रक्रिया के उपरांत आपको दिया जाने वाला प्रसाद एक सप्ताह के बाद चेन्नई (तमिलनाडु) से भेज दिया जाएगा। विदेशों में पहुँचाने हेतु कृपया हमें दो से चार हफ़्तों का समय दें।
भगवान शिव की ऊर्जा कर्थिगाई तमिल माह (नवंबर माह के मध्य से दिसंबर माह के मध्य तक) के दौरान बहुतायत से उपलब्ध होती है। शास्त्रों के अनुसार प्राचीन काल में भगवान शिव स्वयं इस पवित्र माह के दौरान असीम अग्नि के रूप में प्रकट हुए थे। ऋण और पिछले जनम के पाप से निवारण पाने के लिए, अच्छा जीवनसाथी पाने के लिए, शांतिपूर्ण और आनंदमय जीवन का आशीर्वाद पाने के लिए हमारे कर्म निरस्त शिव सोमवार उत्कृष्ट नुष्ठान में भाग लें|
आप क्या प्राप्त करेंगे?
आपको अभिमंत्रित उत्पाद, पवित्र विभूति व लाल सिंदूर प्रदान किए जाएंगे। जो कि इस पवित्र अनुष्ठान द्वारा सिद्ध होंगे। इस पवित्र विभूति व सिंदूर को अपने मंदिर अथवा ध्यान कक्ष में रखें तथा अपनी दैनिक पूजा व ध्यान करने के समय इन्हें अपने मस्तक पर धारण करके दैवीय कृपा प्राप्त करें।
डॉ. पिल्लै केअनुसार
“यह अनुष्ठान हमारे विचारों का कार्बनीकरण कर देता है। कार्बन हमारी सूचनाओं से सम्बंधित सूक्ष्म अनु कण होते हैं। इस कार्बनीकरण प्रक्रिया से प्राप्त पवित्र राख को प्रसाद स्वरुप दिया जाता है। इस प्रसाद स्वरूप पवित्र राख को मस्तक पर धारण करने से आपको दैवीय कृपा प्राप्त होतीहै।”
कृपया ध्यान दें इस पूरी अनुष्ठान प्रक्रिया के उपरांत आपको दिया जाने वाला अभिमंत्रित उत्पाद, प्रसाद एक सप्ताह के बाद चेन्नई (तमिलनाडु) से भेज दिया जाएगा। विदेशों में पहुँचाने हेतु कृपया हमें दो से चार हफ़्तों का समय दें।